जोधपुर में युवक की हत्या: गांव में अवैध शराब व स्मैक बेचने का विरोध करने पर युवक की हत्या


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जोधपुर2 घंटे पहले

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मृतक श्रवणराम

  • 10 लाख मुआवजा व परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने की मांग को लेकर धरने पर बैठे परिजन, नहीं उठाया शव, आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस ने गठित की टीमें

बोयल गांव में सोमवार रात एक युवक की लाठियां व चाकू से हमला कर हत्या कर दी गई। परिजनों का आरोप है कि उसने गांव में अवैध शराब की दुकान और स्मैक बेचने वालों की शिकायत की थी। इससे नाराज लोगों ने हत्या कर दी। मंगलवार सुबह ग्रामीण व परिजन बिलाड़ा मोर्चरी के बाहर धरने पर बैठ गए। रात तक धरना नहीं उठाया और न ही शव।

वे 10 लाख रुपए मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को नौकरी व सभी आरोपियों को पकड़ने की मांग को लेकर अड़े हुए थे। पुलिस अधिकारियों ने समझाइश की लेकिन वे नहीं माने। मामले की जांच भोपालगढ़ सीओ धमेंद्र डूकिया को सौंपी गई है। जानकारी के अनुसार बोयल गांव निवासी श्रवणराम पुत्र भगवानाराम जाट सोमवार रात को दिलीप पुत्र जालाराम जाट व छोगाराम पुत्र रखाराम जाट के साथ बाइक पर कापरड़ा जा रहा था।

तीनों ही बोयल जलदाय विभाग के पास पहुंचे तो रवि उर्फ रविंद्र मेघवाल पुत्र मल्लाराम, मल्लाराम पुत्र बुधाराम मेघवाल, प्रेम विश्नोई पुत्र मंगलाराम और महेंद्र विश्नोई पुत्र मंगलाराम ने श्रवणराम का रास्ता रोक लिया। लाठियां से वार किए। रविंद्र मेघवाल ने चाकू से हमला कर दिया। इसके बाद वे मौके भाग गए। घायल श्रवण को उसके साथी निजी क्लिनिक ले गए। वहां उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को बिलाड़ा मोर्चरी में रखवाया।

गांव ने लिया था सामूहिक निर्णय- स्मैक नहीं बेचने देंगे

धरने पर बैठे ग्रामीणों व जाट समाज ने पुलिस व प्रशासन से कई मांगें रखी। दो बार वार्ता और समझाइश की लेकिन ग्रामीणों ने कहा कि मांगें पूरी होने तक नहीं उठेंगे। इस दौरान उपखंड अधिकारी भवानीसिंह चारण, एडिशनल एसपी सुनिल के पंवार, आरपीएस भंवरलाल सीरवी, आरपीएस भोपालगढ़ धर्मेंद्र डउकिया, आरपीएस हेमंत नोगिया, एसएचओ भोपालगढ़ राजेंद्र खदाव सहित कई पुलिस अधिकारी व जाब्ता मौजूद रहा। ग्रामीणों ने बताया कि गत सप्ताह संयुक्त रूप से स्मैक व ब्रांच बंद करने का निर्णय लिया था। श्रवण ने स्मैक व अवैध ब्रांच का विरोध जताया था।
एक को हिरासत में लिया

हत्या की खबर से क्षेत्र में सनसनी फ़ैल गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण अस्पताल में एकत्रित हो गए। फिर धरने पर बैठ गए। बिलाड़ा, पीपाड़ शहर, बोरुंदा, खेड़ापा पुलिस ने टीमें बनाकर हत्यारों की तलाशी की लेकिन सुराग नहीं मिला। पुलिस ने मल्लाराम पुत्र बुधाराम को हत्या के बाद ही हिरासत में ले लिया था।
पुलिस ने 46 पव्वे जब्त किए

पुलिस वृत्ताधिकारी हेमंत नोगिया और थानाधिकारी मनीष देव ने हत्या के मामले में लिप्त दो सेल्समैनों की अवैध शराब की दुकान की तलाशी लेकर 46 पव्वे शराब के बरामद किए।

आरोपी का स्टेटस… तेरी यह गलियां छोड़ चले
हत्या करने वाले रविंद्र मेघवाल ने घटना से पहले अपने गांव के जीएलआर पर चढ़कर फोटो खींचे और स्टेटस पर लिखा कि तेरी गलियों को छोड़ चले। इसे शेयर भी किया। साथ ही यह गाना भी फोटो के साथ शेयर किया कि हंसना है कभी रोना है। खोना है कभी पाना है। किस्मत का तो यही फंसाना है।

मृतक के पिता मानसिक रोगी
ग्रामीणों ने मुलजिमों को शीघ्र गिरफ्तार करने व अन्य क्षेत्र के आरपीएस कैडर के अधिकारी से निष्पक्ष जांच की मांग की। ग्रामीणों ने बताया कि मृतक के पिता मानसिक रोगी है। परिवार में कमाने वाला अन्य कोई व्यक्ति नहीं है। श्रवण मजदूरी कर परिवार का पालन पोषण करता था। हत्या के बाद आय का कोई स्त्रोत नहीं है। राज्य सरकार की ओर से 10 लाख रुपए व परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की।
नागौर सांसद ने कहा-सीएम के गृह जिले में हालात चिंताजनक
श्रवण जाट की हत्या के बाद नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने कहा कि सीएम के गृह जिले में बढ़ते अपराधा चिंताजनक है। उन्होंने डीजीपी व आईजी से बात कर आरोपियों को जल्द पकड़ने के निर्देश दिए। सांसद ने कहा कि हत्याकांड से हर किसी में रोष है। उन्होंने बताया कि दो बरसों में एक दर्जन किसान पुत्रों की हत्या होना, भील समाज के लोगों की हत्या होना चिंताजनक है।

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